पांच वर्षों में IITs में 53 छात्रों की मौत, आधिकारिक आंकड़ों से सामने आई स्थिति

पांच वर्षों में IITs में 53 छात्रों की मौत, आधिकारिक आंकड़ों से सामने आई स्थिति

VoS NEWS DESK | EDUCATION | 23 SEPTEMBER 2026

उपलब्ध आंकड़े IITs में छात्रों की स्थिति और संस्थानों में छात्र सहायता व्यवस्थाओं को लेकर चर्चा का आधार बने हैं। रिपोर्ट के अनुसार, 2020-21 से 2024-25 के पांच शैक्षणिक वर्षों के दौरान IIT परिसरों में कुल 53 छात्रों की मौत हुई। यह आंकड़ा विभिन्न IIT संस्थानों से प्राप्त आधिकारिक जानकारी पर आधारित है।

इन आंकड़ों में सामाजिक वर्ग के आधार पर भी महत्वपूर्ण जानकारी सामने आई है। रिपोर्ट के मुताबिक, 53 मृत छात्रों में आधे से अधिक SC, ST और OBC समुदायों से थे। इससे उच्च शिक्षा संस्थानों में विभिन्न सामाजिक और आर्थिक पृष्ठभूमि से आने वाले छात्रों के अनुभवों तथा उनके लिए उपलब्ध संस्थागत सहायता पर चर्चा फिर तेज हुई है।

अलग-अलग रिपोर्टों में मौतों के वर्गीकरण को लेकर भी अंतर दिखाई देता है। उदाहरण के लिए, एक रिपोर्ट के अनुसार 23 IITs में 2020-21 से 2024-25 के बीच 45 छात्र आत्महत्या से मरे थे। इसलिए कुल 53 मौतों और आत्महत्या से संबंधित मामलों के आंकड़ों को एक ही श्रेणी मानना उचित नहीं होगा।

IIT देश के सबसे प्रतिस्पर्धी उच्च शिक्षा संस्थानों में शामिल हैं, जहां प्रवेश के लिए कठिन चयन प्रक्रिया और अकादमिक दबाव का सामना करना पड़ता है। ऐसे में सामने आए आंकड़ों ने छात्र कल्याण, परामर्श सेवाओं और संस्थागत सहायता की उपलब्धता पर सार्वजनिक चर्चा को बढ़ाया है।

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53 मौतों का आंकड़ा IIT परिसरों में छात्र कल्याण और सहायता प्रणालियों की स्थिति पर गंभीर अध्ययन की आवश्यकता को सामने लाता है। हालांकि, उपलब्ध आंकड़े अपने आप में इन मौतों के कारणों का एकल या अंतिम निष्कर्ष प्रस्तुत नहीं करते। अलग-अलग मामलों की परिस्थितियां अलग हो सकती हैं और उन्हें उसी आधार पर समझना आवश्यक है।

Source: Hindustan Times, Millennium Post and official data cited in reports

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